नेपाल जलप्रलय का विकराल रूप: तीन जिलों के 16 स्कूल तबाह, 233 छात्र और 17 शिक्षक लापता

काठमांडू : भोटेकोशी नदी में आई बाढ़ से नेपाल के तीन जिलों में 16 विद्यालय क्षतिग्रस्त हुए हैं, जबकि 233 छात्र और 17 शिक्षक अब तक लापता (संपर्कविहीन) हैं। शिक्षा मंत्रालय के अनुसार रविवार तक मिले प्रारंभिक विवरण में रसुवा, नुवाकोट और धादिंग के 16 विद्यालयों के पूर्ण रूप से नुकसान पहुंचने की जानकारी मिली है। इन विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्रों और शिक्षकों समेत कुल 250 लोग संपर्कविहीन बताए गए हैं।प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, रसुवा के चार, नुवाकोट के आठ और धादिंग के चार विद्यालय प्रभावित हुए हैं। रसुवा के उत्तरगया और गोसाईंकुंड गांवपालिका, नुवाकोट की विदुर नगरपालिका तथा धादिंग की गल्छी, सिद्धलेक गांवपालिका और नीलकंठ नगरपालिका के विद्यालयों को नुकसान पहुंचा है। मंत्रालय के अनुसार, इनमें से अधिकांश विद्यालय बाढ़ में बह गए हैं, जबकि कुछ विद्यालयों के कक्षाओं में कीचड़, रेत और मिट्टी भर गई है।रसुवा के चार विद्यालय पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसी तरह नुवाकोट के चार विद्यालय पूरी तरह और चार विद्यालय आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं।नुवाकोट की विदुर नगरपालिका स्थित आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त चंडेश्वरी माध्यमिक विद्यालय के 12 छात्रों और एक शिक्षक के संपर्कविहीन होने की जानकारी है। रसुवा के नवविजयी महेंद्र माध्यमिक विद्यालय के दो शिक्षक और कोमी श्यामेवाङ्फेल माध्यमिक विद्यालय के एक शिक्षक सहित 16 छात्र भी संपर्कविहीन हैं। धादिंग में एक विद्यालय पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ है, जबकि तीन विद्यालयों को आंशिक नुकसान पहुंचा है।उत्तरगया गांवपालिका के नीलकंठ माध्यमिक विद्यालय की इमारत को नुकसान नहीं पहुंचा है, लेकिन विद्यालय के 200 छात्रों और चार शिक्षकों के संपर्कविहीन होने की जानकारी मिली है। गोसाईंकुंड गांवपालिका के कोमी श्यामेवाङ्फेल माध्यमिक विद्यालय के 16 छात्रों और एक शिक्षक के बाढ़ में लापता होने की जानकारी है। वहीं, गोसाईंकुंड तीर्थयात्रा पर गए धादिंग के चार शिक्षक भी संपर्कविहीन हैं।मंत्रालय के अनुसार, रसुवा के नेपाल राष्ट्रीय आधारभूत विद्यालय के 10 शिक्षकों में से केवल तीन शिक्षक ही संपर्क में हैं। नुवाकोट के त्रिभुवन बहुमुखी कैंपस और त्रिभुवन त्रिशूली माध्यमिक विद्यालय के छात्रावास भी मिट्टी और मलबे में दबकर क्षतिग्रस्त हुए हैं। प्रभावित विद्यालयों में अधिकांश सामुदायिक और कुछ निजी विद्यालय हैं। नुवाकोट के त्रिशूली सामुदायिक बोर्डिंग स्कूल के भी तीन छात्र संपर्कविहीन हैं। मंत्रालय ने कहा है कि बाढ़ से हुई क्षति का पूरा विवरण अभी आना बाकी है।