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शोएब अख्तर ने की विराट कोहली की बुराई, सौरव गांगुली ने दिया करारा जवाब


नई दिल्ली: पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली और विराट कोहली के रिश्ते भले ही खट्टे-मीठे रहे हों, इन दोनों का लक्ष्य एक ही रहा है- भारत को क्रिकेट में किंग बनाना।

कोहली के 50 ओवर के विश्वकप में खेलने की संभावना के बीच पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज का मानना है कि विराट को अपने टेस्ट करियर को लंबा करने के लिए वनडे और टी20 दोनों से रिटायरमेंट लेना चाहिए।

एक शो में अख्तर ने बोला था कि, वनडे और टी20 से बाहर होने पर कोहली अपना सारा ध्यान और ऊर्जा टेस्ट क्रिकेट पर लगा सकते है। इससे वह कई सालों तक खेल सकते है और सचिन तेंदुलकर के 10 शतकों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ सकते है।

गांगुली ने 2000 से 2005 तक कप्तान के रूप में ऐसा किया। कोहली ने 2015 से 2021 तक किया। कुछ बातों पर वे एक नहीं थे, इसका मतलब यह नहीं है कि कोहली की कोई बुराई करे तो गांगुली सुन लें और जवाब भी न दें।

क्रिकेट की पिच से खेल राजनीति तक दादागिरी के लिए फेमस गांगुली ने शोएब अख्तर को विराट कोहली को लिमिटेड ओवर से रिटायरमेंट के बयान पर करारा जवाब दिया है।

उन्होंने बोला, मुझे नहीं लगता कि कोहली को इस वर्ल्डकप के बाद 50 ओवरों के अधिक मैच खेलने चाहिए। इसके अलावा टी20 में भी वह बहुत दिखाई नहीं देखें। मुझे लगता है कि उन्हें कम से कम छह वर्ष और खेलना चाहिए।

सचिन तेंदुलकर के 100 शतकों का रिकॉर्ड तोड़ने की क्षमता कोहली के पास है। उन्हें इस विश्व कप के बाद टेस्ट क्रिकेट पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए और इस रिकॉर्ड को तोड़ना चाहिए।

इस बारे में जब गांगुली से पूछा गया तो उन्होंने ऐसा जवाब दिया कि अख्तर की बोलती बंद हो गई। पूर्व भारतीय कप्तान ने अख्तर के आकलन में कोई तर्क नहीं दिखा और उन्होंने कोहली को उनकी इच्छा के अनुसार खेलने का समर्थन किया।

उन्होंने कहा- क्यों? विराट को वह क्रिकेट खेलना चाहिए जो वह खेलना चाहते है, क्योंकि वह प्रदर्शन करते है। इसमें कोई शक नहीं कि कोहली का टेस्ट प्रदर्शन प्रभावशाली है, जो उन्हें आधुनिक समय के महान प्लेयर्स की श्रेणी में खड़ा करता है।

हालांकि, वह उनकी वनडे उपलब्धियों की तुलना में बेहतर नहीं है। वर्तमान में उन्होंने 111 टेस्ट मैचों में 8676 रन बनाए है, जिससे वह सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़, सुनील गावस्कर और वीवीएस लक्ष्मण के बाद पांचवें सबसे अधिक रन बनाने वाले खिलाड़ी बन गए है।

उनके रिकॉर्ड में प्रभावशाली 29 शतक और 49.29 का उल्लेखनीय औसत शामिल है। 2018 में कोहली को आईसीसी टेस्ट प्लेयर ऑफ द ईयर पुरस्कार से भी सम्मानित किया था। टीम इंडिया को वेस्टइंडीज के खिलाफ हाल ही में टी20 सीरीज में हार के लिए काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा है।

17 वर्ष में कैरेबियाई टीम के खिलाफ भारत की पहली द्विपक्षीय सीरीज हार है। टी-20 टीम की अगुवाई करने वाले हार्दिक पंड्या को पांच मैचों की सीरीज के दौरान अपने कुछ फैसलों की वजह से आलोचना भी झेलनी पड़ी।

इस बारे में उन्होंने बोला, अपने सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को चुनें। वह बाएं हाथ का या दाएं हाथ का हो सकता है। भारत के पास बेहतरीन बाएं हाथ के खिलाड़ी है। उन्हें टीम में जगह मिलेगी। यशस्वी जयसवाल, तिलक वर्मा और ईशान किशन। फिर रोहित शर्मा है।

विराट कोहली, रविंद्र जड़ेजा, अक्षर पटेल, हार्दिक पंड्या.. यह एक शानदार टीम है। भारत एक ऐसा देश है जहां हर खेल के बाद मूल्यांकन होता है। अगर वे जीतते है तो एक अच्छी टीम है और हारने के बाद खराब हो जाते है। यह खेल है। यहां हार-जीत होती है। इसके साथ आपको आगे बढ़ना होता है।