रोहन बोपन्ना ने 22 साल बाद टेनिस को कहा अलविदा
पेरिस ओलंपिक में पुरुष डबल्स के पहले दौर में रविवार को हार के बाद भारतीय टेनिस स्टार रोहन बोपन्ना ने संन्यास का ऐलान कर दिया। 44 वर्षीय बोपन्ना 22 साल से भारत के लिए खेल रहे थे। उन्होंने 2002 में देश के लिए डेब्यू किया था।

रविवार को खेले गए मुकाबले में उन्हें फ्रांस की गेल मोनफिल्स और एडौर्ड रोजर वेसलिन की जोड़ी ने 5-7, 6-2 हरा दिया। वे 6 ग्रैंड स्लेम के पुरुष डबल्स मैच में फाइनलिस्ट रहे। 2017 में मिक्स्ड डबल में फ्रेंच ओपन में पुरुष डबल्स में ऑस्ट्रेलियन ओपन जीत चुके हैं।
पेरिस ओलंपिक से पहले बोपन्ना ने एशियन गेम्स 2023 में भारत के लिए शिरकत की थी, जिसमें उन्होंने मिक्स्ड डबल्स में रुतुजा भोसले के साथ गोल्ड मेडल जीता था।
उन्होंने एक समाचार एजेंसी से कहा, “यह निश्चित रूप से देश के लिए मेरा आखिरी इवेंट होगा। मैं पूरी तरह से समझता हूं कि मैं कहां हूं और अब, जब तक यह चलता रहेगा, मैं टेनिस का आनंद लेता रहूंगा।
मैं जहां हूं, उसके लिए यह पहले से ही बड़ा बोनस है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं दो दशकों तक भारत का प्रतिनिधित्व करूंगा। 2002 से अपने डेब्यू से और 22 साल बाद भी भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिलना। मुझे इस पर गर्व है।
बोपन्ना का यह तीसरा ओलंपिक था। बोपन्ना ने अपना ओलंपिक डेब्यू लंदन 2012 में किया, जहां वह पुरुष डबल्स के लिए महेश भूपति के साथ दूसरे दौर में पहुंचे थे। रियो 2016 में बोपन्ना और सानिया मिर्जा मिक्स्ड डबल्स में ब्रॉन्ज मेडल मैच हारने के बाद चौथे स्थान पर रहें। बोपन्ना टोक्यो 2020 ओलंपिक में जगह नहीं बना सके।
इस साल की शुरुआत में बोपन्ना 43 साल और नौ महीने की उम्र में अपने साथी मैथ्यू एब्डेन के साथ ऑस्ट्रेलियन ओपन की जीत के बाद टेनिस के ओपन एरा में ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने वाले सबसे उम्रदराज व्यक्ति बन गए।
ऑस्ट्रेलियन ओपन की जीत बोपन्ना का दूसरा ग्रैंड स्लैम टाइटल था। उन्होंने 2017 में फ्रेंच ओपन में मिक्स्ड डबल्स जीता था। बोपन्ना और एबडेन ने पिछले महीने फ्रेंच ओपन के सेमीफाइनल में जगह बनाई थी।
बोपन्ना इस साल 29 जनवरी को आई एटीपी रैंकिंग में दुनिया के नंबर-1 मेंस डबल्स खिलाड़ी बने थे। फिलहाल उनकी एटीपी रैंकिंग 4 है।