मास ने दो बंधकों को किया रिहा, इजरायल 602 कैदियों को करेगा आजाद

यरूशलम। फिलिस्तीनी ग्रुप हमास ने शनिवार को गाजा युद्धविराम समझौते के तहत दो बंधकों – ताल शोहम और एवेरा मेंगिस्टू को रेड क्रॉस को सौंप दिया। आईडीएफ ने दोनों के इजरायल पहुंचने की पुष्टि कर दी है।

हमास की ओर से जारी किए गए एक वीडियो में शोहम और मेंगिस्टू को राफा में हमास के वाहनों से बाहर निकलते हुए दिखाया गया। दोनों स्पष्ट रूप से कमजोर दिखाई दे रहे हैं।

आईडीएफ ने एक्स पर पोस्ट किया, 3,812 दिनों के बाद एवेरा और 504 दिनों के बाद ताल घर आ गए।

चार और इजरायली बंधकों को भी 22 फरवरी को ही रिहा किया जाना है। इजरायल आज 602 फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करने जा रहा है।

बता दें इजरायल और हमास के बीच युद्ध विराम समझौते का पहला चरण 19 जनवरी को लागू हुआ था।

इससे पहले हमास की सशस्त्र शाखा अल-कस्साम ब्रिगेड ने इजरायली बंधक शिरी बिबास का शव अंतरराष्ट्रीय रेड क्रॉस समिति (आईसीआरसी) को सौंप दिया। फिलिस्तीनी ग्रुप के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी।

शिन्हुआ समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, नाम न बताने की शर्त पर अधिकारी ने बताया कि इजरायली हवाई हमलों के कारण हुई अराजकता के कारण यह गड़बड़ी हुई, जिसके कारण शवों की गलत पहचान हो गई।

हमास अधिकारी ने कहा, यह अनजाने में हुई गलती थी, क्योंकि जिस क्षेत्र में शिरी का शव रखा गया था, उस क्षेत्र पर इजरायली हमलों के कारण उसका शव अन्य शवों के साथ मिल गया।

बता दें गुरुवार को हमास ने चार बंधकों के शव इजरायल को सौंपे थे। इनमें से तीन शवों की पहचान हो गई जबकि चौथा शव, [जिसे शिरी का शव माना जा रहा था] एक अज्ञात महिला का निकला।

इज़रायल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) ने बताया कि सौंपे गए चार शवों में से दो की पहचान शिरी के बेटों एरियल और केफिर के रूप में हुई। एक शव ओडेड लिफशिट्ज का था।

आईडीएफ ने कहा कि पहचान प्रक्रिया के दौरान, यह सामने आया कि जो चौथा शव प्राप्त हुआ है, वह शिरी बिबास का नहीं था, और किसी अन्य बंधक से भी उसका कोई मेल नहीं पाया गया। यह एक अनाम, अज्ञात शव है।