तरुण मन्नेपल्ली ने रचा इतिहास, मकाऊ ओपन के सेमीफाइनल में पहुंचे
भारतीय तरुण मन्नेपल्ली ने अपना बेहतरीन प्रदर्शन जारी रखते हुए शुक्रवार को एक कड़े मुकाबले में चीन के हू झे को हराकर मकाऊ ओपन के सेमीफाइनल में जगह बनाई।

47वें स्थान पर काबिज 23 वर्षीय मन्नेपल्ली ने 87वें स्थान पर काबिज हू को 75 मिनट तक चले मुकाबले में 21-12, 13-21, 21-18 से हराया। मन्नेपल्ली ने पहली बार किसी बीडब्ल्यूएफ सुपर 300 टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में जगह बनाई है। इससे पहले वह फरवरी में जर्मन ओपन के क्वार्टर फाइनल में पहुंचे थे।
चार साल पहले पुलेला गोपीचंद अकादमी से जुड़ने वाले मन्नेपल्ली ने पिछले दौर में हांगकांग के शीर्ष वरीयता प्राप्त ली चेउक यिउ को हराया था। राष्ट्रीय खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले मन्नेपल्ली पहले गेम में एक समय 4-7 से पीछे थे, फिर उन्होंने 12-9 से बढ़त हासिल कर ली। इसके बाद उन्होंने 15-11 से लगातार छह अंक बनाकर गेम जीता।
दूसरे गेम में हू ने ज़ोरदार खेल दिखाया और 6-2 से आगे होने के बाद दबदबा बनाए रखा और अपनी बढ़त को 15-6 तक पहुंचाकर जल्द ही गेम जीता।
तीसरे और निर्णायक गेम में मन्नेपल्ली ने 5-0 की बढ़त बना ली और 19-15 तक अपनी बढ़त बनाए रखी। भारतीय खिलाड़ी ने इसके बाद तीन अंक गंवा दिए।
मन्नेपल्ली ने हालांकि धैर्य बनाए रखा और हू के बैकहैंड कॉर्नर पर सटीक पुश लगाकर जीत पक्की की और जश्न में अपनी बाहें ऊपर उठा लीं। मन्नेपल्ली ने आठ साल की उम्र में तेलंगाना के खम्मम में बैडमिंटन खेलना शुरू किया था। दसवीं कक्षा के बाद वह हैदराबाद आ गए थे।