माइक हेसन का फाइनल पर पूरा फोकस, हार के बावजूद आश्वस्त पाकिस्तान
एशिया कप में भारत के खिलाफ दो हार के बावजूद पाकिस्तान के मुख्य कोच माइक हेसन का मानना है कि अब सिर्फ फाइनल का नतीजा ही अहम होगा, जहां 41 साल बाद पहली बार दोनों चिरप्रतिद्वंद्वी आमने-सामने होंगे।

भारत ने ग्रुप लीग में पाकिस्तान को सात विकेट से और सुपर 4 में छह विकेट से हराया था। बांग्लादेश को 11 रन से हराने के बाद जब हेसन से पूछा गया कि उन्होंने फाइनल से पहले खिलाड़ियों को क्या संदेश दिया है, तो उन्होंने कहा, “हमें पता है कि हमने 14 और 21 सितंबर को पहले भी खेला है, लेकिन अब सिर्फ एक ही मैच मायने रखता है — फाइनल।
हमारा पूरा फोकस इसी पर है। हम सही समय पर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने की कोशिश करेंगे।” भारत और पाकिस्तान, जो 1984 में शुरू हुए इस टूर्नामेंट में कभी फाइनल में नहीं मिले, अब इस मौके का पूरा फायदा उठाना चाहते हैं।
हेसन ने कहा, “अब हमारा पूरा ध्यान ट्रॉफी जीतने पर होना चाहिए और हम यही बात लगातार दोहरा रहे हैं।” पाकिस्तान के मीडिया मैनेजर नईम गिलानी, जो भारतीय मीडिया के सवालों का जवाब देने से पहले बचते रहे, ने आखिरकार भारतीय पत्रकारों को एक सवाल पूछने दिया।
जब पूछा गया कि भारत के खिलाफ मैच में अपने खिलाड़ियों साहिबजादा फरहान और हारिस रऊफ के भड़काऊ इशारों पर आईसीसी की सुनवाई के बारे में टीम की प्रतिक्रिया क्या है, तो कोच ने जवाब दिया, “मेरा संदेश है कि खेल पर ध्यान दो और हम भी वही करेंगे। इन चीजों के बारे में मुझसे ज्यादा आपको ही पता है।”
उन्होंने आगे कहा, “मैं केवल क्रिकेट पर ध्यान देता हूं। जहां तक इशारों की बात है, इतने दबाव वाले मैच में जुनून होना स्वाभाविक है, लेकिन हमारा फोकस अच्छा क्रिकेट खेलने पर है।”
हेसन ने इस धारणा को भी खारिज किया कि उनके बल्लेबाज स्पिन गेंदबाजों को समझने में असमर्थ हैं। उन्होंने कहा, “मैंने पहले भी कहा है कि लोग कह रहे हैं कि हम स्पिनर के हाथ से गेंद को भांप नहीं पा रहे हैं। मेरा जवाब है, गेंद हाथ से निकलने के बाद भी अगर आप उसे भांप कर अच्छी बल्लेबाजी कर पा रहे हैं, तो इसमें क्या बुरा है।”