ईरान संकट के बीच फीफा विश्व कप की तैयारी, फैन फेस्टिवल की भी होगी शुरुआत
फुटबॉल की दुनिया के सबसे बड़े आयोजन, फीफा विश्व कप के मुख्य संचालन अधिकारी हेइमो शिर्गी ने कहा है कि यह टूर्नामेंट केवल खेल का नहीं, बल्कि वैश्विक राजनीतिक परिस्थितियों के बीच आयोजित होने वाला एक चुनौतीपूर्ण आयोजन भी है।
उन्होंने यह बयान अमेरिका और इज़राइल के ईरान के खिलाफ चल रहे संघर्ष के बीच दिया, जो विश्व कप पर संभावित असर डाल सकता है।
विश्व कप इस बार 11 जून से अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको में खेला जाएगा, और यह पहली बार है जब इसमें 48 देश भाग लेंगे। इन देशों में ईरान भी शामिल है।
शिर्गी ने अंतरराष्ट्रीय प्रसारण केंद्र में सोमवार को कहा कि फीफा ईरान युद्ध और उसके संभावित प्रभावों पर बारीकी से नजर रख रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया, “अगर मैं भविष्यवक्ता होता, तो मैं बता सकता था कि आगे क्या होगा, लेकिन हालात दिन-प्रतिदिन बदल रहे हैं।”

शिर्गी ने आगे कहा कि फीफा अपने सभी संघीय और अंतरराष्ट्रीय भागीदारों के साथ मिलकर स्थिति का मूल्यांकन कर रहा है, और हर दिन नए घटनाक्रम के हिसाब से कार्रवाई की जा रही है। उनका मानना है कि विश्व कप “बहुत बड़ा टूर्नामेंट” है और उम्मीद है कि क्वालीफाई कर चुके सभी देश इसमें भाग लेंगे।”
पहले विश्व कप में 32 देश हिस्सा लेते थे, लेकिन इस बार रिकॉर्ड संख्या में 48 देशों की भागीदारी होगी। मैच अमेरिका के 11, मैक्सिको के 3 और कनाडा के 2 स्थानों पर खेले जाएंगे। हालांकि अमेरिका ने पहले ही चार देशों—ईरान, आइवरी कोस्ट, हैती और सेनेगल—पर यात्रा प्रतिबंध लगा दिया है, खिलाड़ियों, टीम अधिकारियों और उनके करीबी रिश्तेदारों को विशेष छूट दी गई है।
शिर्गी ने यह भी बताया कि फीफा ईरानी फुटबॉल महासंघ के साथ लगातार संपर्क में है ताकि नई जानकारी हासिल की जा सके। बातचीत का विवरण उन्होंने साझा नहीं किया। विश्व कप के दौरान दर्शकों के अनुभव को बढ़ाने के लिए, फीफा अधिकारी डलास में 34 दिन तक चलने वाले ‘फैन फेस्टिवल’ की घोषणा करने पहुंचे।