वरिष्ठ नागरिकों की योजनाओं के लिए तीन साल में 1,801.97 करोड़ रुपए आवंटित

नई दिल्ली ( राघवेंद्र प्रताप सिंह) : केंद्र सरकार ने अनुसूचित जाति (एससी), अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) और दिव्यांग व्यक्तियों (पीडब्ल्यूडी) के लिए छात्रवृत्ति आवेदनों और बकाया छात्रवृत्ति राशि की स्थिति स्पष्ट की है। साथ ही, नशामुक्ति केंद्रों और वरिष्ठ नागरिकों के लिए कल्याणकारी योजनाओं के बजट आवंटन का विवरण भी राज्यसभा में साझा किया गया है। सरकार ने बताया कि वरिष्ठ नागरिकों की कल्याणकारी योजनाओं के लिए तीन वर्षों में कुल 1,801.97 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं। वहीं, श्रेयस-एससी के तहत कोई छात्रवृत्ति आवेदन लंबित नहीं है और कोई छात्रवृत्ति बकाया नहीं है।

 

राज्यसभा में लिखित जवाब में दी जानकारी

राज्यसभा में डॉ. मेनका गुरुस्वामी के एक प्रश्न के लिखित उत्तर में सामाजिक न्याय और अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास अठावले ने छात्रवृत्ति योजनाओं और कल्याणकारी कार्यक्रमों की स्थिति की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अनुसूचित जाति और अन्य के लिए प्री-मैट्रिक छात्रवृत्ति तथा अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति केंद्र प्रायोजित योजनाएं हैं, जो खुली और मांग-आधारित हैं।

 

डीबीटी के जरिए जारी होती है छात्रवृत्ति

सरकार ने बताया कि छात्रवृत्तियां प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से लाभार्थियों के आधार से जुड़े बैंक खातों में जारी की जाती हैं। केंद्र सरकार के हिस्से का जारी होना संबंधित राज्य सरकार या केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन द्वारा अपने हिस्से की राशि जारी करने और अंतिम रूप से सत्यापित भुगतान डेटा को राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल पर अपलोड करने पर निर्भर करता है।

 

श्रेयस-एससी में कोई आवेदन लंबित नहीं

अनुसूचित जाति के युवा उपलब्धि हासिल करने वालों के लिए उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति की केंद्रीय क्षेत्र योजना ‘श्रेयस-एससी’ के तहत सरकार ने कहा कि कोई भी छात्रवृत्ति आवेदन लंबित नहीं है और कोई छात्रवृत्ति बकाया नहीं है।

 

नशामुक्ति केंद्रों के बजट में कमी नहीं

नशामुक्ति केंद्रों के लिए बजट आवंटन के संबंध में सरकार ने स्पष्ट किया कि पिछले तीन वर्षों के दौरान आवंटन में कोई कमी नहीं की गई है। सरकार ने इस अवधि के दौरान नशामुक्ति केंद्रों के लिए बजट प्रावधान को लेकर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि आवंटन में कटौती नहीं हुई है।

 

वरिष्ठ नागरिकों के लिए 1,801.97 करोड़ रुपए

वरिष्ठ नागरिकों की कल्याणकारी योजनाओं के लिए 2023-24 में 705.11 करोड़ रुपए, 2024-25 में 539.44 करोड़ रुपए और 2025-26 में 557.42 करोड़ रुपए आवंटित किए गए। इस तरह तीन वर्षों की अवधि में कुल 1,801.97 करोड़ रुपए का आवंटन किया गया है।