हिंद महासागर में भारत का सामरिक दांव: नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के. त्रिपाठी चार दिवसीय मॉरीशस दौरे पर, ‘महासागर’ विजन को मिलेगी मजबूती

विवेक ओझा/  पोर्ट लुई / नई दिल्ली: हिंद महासागर क्षेत्र (Indian Ocean Region) में भारत की समुद्री सुरक्षा और मित्र देशों के साथ रणनीतिक संबंधों को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से भारतीय नौसेना प्रमुख (Chief of the Naval Staff) चार दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर मॉरीशस पहुंचे हैं। नौसेना प्रमुख के रूप में कमान संभालने के बाद यह उनका मॉरीशस का पहला महत्वपूर्ण दौरा है, जिसे कूटनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है।

नौसेना प्रमुख का यह दौरा भारत सरकार की प्रमुख रणनीतिक पहल ‘महासागर’ (MAHASAGAR – Mutual and Holistic Advancement for Security and Growth Across Regions) के विजन के बिल्कुल अनुरूप है। इस पहल के तहत भारत हिंद महासागर के द्वीपीय देशों के साथ समुद्री सुरक्षा, पायरेसी (समुद्री डकैती) को रोकने, और अवैध शिकार पर नज़र रखने में पूर्ण सहयोग प्रदान करता है।

अपने चार दिवसीय प्रवास के दौरान नौसेना प्रमुख मॉरीशस के शीर्ष नेतृत्व, रक्षा अधिकारियों और नेशनल कोस्ट गार्ड के प्रमुखों से मुलाकात करेंगे। वे मॉरीशस को दिए गए भारतीय नौसैनिक जहाजों और सुरक्षा उपकरणों के रख-रखाव तथा वहां के सुरक्षाकर्मियों के प्रशिक्षण की समीक्षा करेंगे। चीन द्वारा हिंद महासागर में बढ़ाए जा रहे प्रभाव के बीच भारत और मॉरीशस का यह प्रगाढ़ होता नौसैनिक सहयोग क्षेत्रीय सुरक्षा का मुख्य आधार बन गया है।