उत्तर प्रदेश बनेगा देश का नया ‘स्पोर्ट्स हब’: सीएम योगी आदित्यनाथ ने की पदक विजेता खिलाड़ियों के लिए सीधी सरकारी नौकरी और करोड़ों के नकद इनाम की घोषणा

राघवेंद्र प्रताप सिंह/ लखनऊ: उत्तर प्रदेश को खेल और खिलाड़ियों की नर्सरी बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक ऐतिहासिक और अभूतपूर्व कदम उठाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के खेल परिदृश्य को पूरी तरह से बदलने के लिए पदक विजेता खिलाड़ियों (Medal-winning athletes) के लिए सीधी सरकारी नौकरियों (Direct Government Jobs) और करोड़ों रुपये के नकद पुरस्कारों (Multi-Crore Cash Rewards) की घोषणा की है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खेल जगत को प्रोत्साहित करने वाले इस विशाल भर्ती अभियान (Massive recruitment drive) और नकद प्रोत्साहन योजनाओं का अनावरण किया। लंबे समय से यह देखा जा रहा था कि उत्तर प्रदेश की प्रतिभाएं खेल सुविधाओं और आर्थिक सुरक्षा के अभाव में दूसरे राज्यों (जैसे हरियाणा या रेलवे) का रुख कर लेती थीं। लेकिन इस नई खेल नीति के बाद अब राज्य के खिलाड़ियों को अपना भविष्य संवारने के लिए दर-दर नहीं भटकना पड़ेगा।

इस नीति के तहत ओलंपिक, एशियन गेम्स, कॉमनवेल्थ और विश्व चैंपियनशिप जैसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय मंचों पर पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को राजपत्रित (Gazetted) और अराजपत्रित (Non-gazetted) पदों पर सीधी नियुक्ति दी जाएगी। इसके साथ ही, उनके कठिन परिश्रम का सम्मान करते हुए उन्हें कई करोड़ रुपये की भारी-भरकम नकद प्रोत्साहन राशि (Cash incentives) भी प्रदान की जाएगी।

खेल विश्लेषकों का मानना है कि यूपी सरकार का यह कदम ज़मीनी स्तर पर एक बड़ी खेल क्रांति ला सकता है। जब ग्रामीण अंचलों और छोटे शहरों के युवाओं को यह भरोसा होगा कि खेल में उत्कृष्टता उन्हें एक सुरक्षित सरकारी करियर और आर्थिक संपन्नता दे सकती है, तो वे खेलों को एक पूर्णकालिक करियर के रूप में अपनाने से नहीं हिचकिचाएंगे। मुख्यमंत्री का यह विजन उत्तर प्रदेश को भारत के ‘स्पोर्ट्स पावरहाउस’ के रूप में स्थापित करने के एक स्पष्ट ब्लूप्रिंट को दर्शाता है, जिसका सीधा असर आने वाले अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों के पदकों की संख्या पर देखने को मिलेगा।