CWC की अहम बैठक: कांग्रेस ने किया ‘वंदे मातरम’ के दो पैराग्राफ का समर्थन; राम मंदिर फंड और छात्र सुधारों को लेकर राष्ट्रव्यापी अभियान की घोषणा

सरिता त्रिपाठी
नई दिल्ली
देश की सबसे पुरानी राजनीतिक पार्टी कांग्रेस ने अपने वैचारिक रुख और आगामी राजनीतिक रणनीतियों को धार देने के लिए एक महत्वपूर्ण बैठक की है। 19 अगस्त 2026 को नई दिल्ली के इंदिरा भवन (Indira Bhawan) में कांग्रेस कार्यसमिति (Congress Working Committee – CWC) की एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में राष्ट्रीय गीत से लेकर छात्रों के मुद्दों तक कई बड़े फैसले लिए गए।
पार्टी के शीर्ष नेताओं—जिनमें AICC अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे (Mallikarjun Kharge), CPP चेयरपर्सन सोनिया गांधी (Sonia Gandhi), लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi), कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल (K.C. Venugopal) और पार्टी नेता अंबिका सोनी (Ambika Soni) शामिल थे—की उपस्थिति में यह बैठक संपन्न हुई।
बैठक के मुख्य बिंदु और फैसले:
- ‘वंदे मातरम’ पर रुख: कांग्रेस पार्टी ने आधिकारिक तौर पर ‘वंदे मातरम’ के दो पैराग्राफ (two-stanza Vande Mataram) का समर्थन किया है।
- राम मंदिर फंड विवाद: पार्टी ने राम मंदिर फंड विवाद (Ram temple funds row) के खिलाफ एक नया अभियान (campaign) शुरू करने का ऐलान किया है।
- छात्रों तक पहुंच: देश भर के युवाओं और छात्रों को साधने के लिए कांग्रेस अपने ‘छात्र आउटरीच’ (student outreach) कार्यक्रम का 800 शहरों (800 cities) तक विस्तार करेगी।
- शिक्षा सुधार: राहुल गांधी ने कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों से शिक्षा सुधारों (education reforms) पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है और स्पष्ट किया है कि पार्टी मजबूती से छात्रों के साथ खड़ी रहेगी (will stand by students)।
- पंजाब में गुटबाज़ी: इन अहम राष्ट्रीय फैसलों के बीच, बैठक में पंजाब कांग्रेस की अंदरूनी गुटबाज़ी (Punjab infighting) का साया भी नज़र आया, क्योंकि वरिष्ठ नेता चरणजीत सिंह चन्नी (Channi) इस बैठक से दूर रहे (stays away)।
इस बैठक ने स्पष्ट कर दिया है कि कांग्रेस अब धार्मिक और राष्ट्रीय प्रतीकों से जुड़े विमर्श पर आक्रामक होने के साथ-साथ, छात्रों और युवाओं के मुद्दों को अपने कोर एजेंडे में सबसे ऊपर रख रही है।