पूर्वोत्तर के विकास को लगी ‘अष्टलक्ष्मी’ की गति: केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया मिजोरम में 10 बड़ी परियोजनाओं की देंगे सौगात

विवेक ओझा
आइजोल/नई दिल्ली:
भारत सरकार के ‘एक्ट ईस्ट पॉलिसी’ और पूर्वोत्तर क्षेत्र के समग्र विकास के संकल्प को गति देने के लिए केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास (DoNER) मंत्री श्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया 12 और 13 अक्टूबर 2026 को मिजोरम के दो दिवसीय दौर पर हैं। पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय का कार्यभार संभालने के बाद श्री सिंधिया की यह दूसरी महत्वपूर्ण मिजोरम यात्रा है। अपने इस दौरे के दौरान वे मिजोरम के मुख्यमंत्री श्री लालदुहोमा के साथ मिलकर राज्य के आर्थिक, सामाजिक और ढांचागत परिदृश्य को बदलने वाली 10 अत्यंत महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे, जो इस पहाड़ी राज्य की प्रगति में एक नया अध्याय जोड़ेंगी।
ढांचागत बुनियादी ढांचे का सुदृढ़ीकरण और आइजोल का विकास
केंद्रीय मंत्री अपने दौरे की शुरुआत राज्य की राजधानी आइजोल के पश्चिमी बाहरी इलाके तुइवामित (Tuivamit) से करेंगे, जहां वे और मुख्यमंत्री लालदुहोमा संयुक्त रूप से विभिन्न जन-उपयोगी परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। इन 10 परियोजनाओं में सड़क संपर्क, डिजिटल कनेक्टिविटी, सामुदायिक भवनों का निर्माण और स्थानीय आजीविका को बढ़ावा देने वाली योजनाएं शामिल हैं। इन परियोजनाओं का मुख्य उद्देश्य मिजोरम के दूरदराज के क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ना और बुनियादी नागरिक सुविधाओं को जमीनी स्तर पर मजबूत करना है।
‘नॉर्थ ईस्ट बैंकर्स कॉन्क्लेव 3.0’ की मेजबानी करेगा मिजोरम
इस दो दिवसीय दौरे का एक और सबसे बड़ा मुख्य आकर्षण आइजोल में आयोजित होने वाला ‘नॉर्थ ईस्ट बैंकर्स कॉन्क्लेव 3.0’ (North East Bankers Conclave 3.0) है। पूर्वोत्तर राज्यों में वित्तीय समावेशन (Financial Inclusion), ऋण प्रवाह को सुगम बनाने और स्थानीय उद्यमियों व स्टार्टअप्स को बैंकिंग प्रणाली से जोड़ने के उद्देश्य से इस कॉन्क्लेव का आयोजन किया जा रहा है। केंद्रीय मंत्री की उपस्थिति में होने वाले इस सम्मेलन में देश के शीर्ष सरकारी और निजी बैंकों के प्रमुख, नीति निर्माता और वित्तीय विशेषज्ञ हिस्सा लेंगे ताकि मिजोरम सहित पूरे उत्तर-पूर्व में आर्थिक गतिविधियों को तेज करने के लिए एक ठोस बैंकिंग रोडमैप तैयार किया जा सके।
‘अष्टलक्ष्मी दर्शन’ और युवा शक्ति से सीधा संवाद
प्रशासनिक और वित्तीय कार्यक्रमों के अलावा, केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया मिजोरम विश्वविद्यालय (Mizoram University) का भी दौरा करेंगे। वहां वे विश्वविद्यालय के मेधावी छात्रों, शोधकर्ताओं और पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय के महत्वाकांक्षी कार्यक्रम ‘अष्टलक्ष्मी दर्शन’ (Ashtalakshmi Darshan) के प्रतिभागियों से सीधा संवाद करेंगे। इस संवाद का मुख्य उद्देश्य पूर्वोत्तर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, कला, पर्यटन और अद्वितीय स्वदेशी उत्पादों को वैश्विक मंच पर प्रमोट करने के लिए युवाओं के विचारों और उनके सुझावों को जानना है।
आत्मनिर्भर पूर्वोत्तर की ओर बढ़ते कदम
मिजोरम की यह उच्च स्तरीय यात्रा इस बात का स्पष्ट संकेत है कि केंद्र सरकार पूर्वोत्तर राज्यों को देश के विकास का मुख्य इंजन बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। 10 नई परियोजनाओं की सौगात और बैंकिंग सेक्टर्स का यह महामंथन मिजोरम में रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा, डिजिटल कनेक्टिविटी के अंतर को पाटेगा और यहां की युवा प्रतिभाओं को आत्मनिर्भर बनने के लिए एक सशक्त और आधुनिक मंच प्रदान करेगा।