शंघाई में जोडर का कमाल, लगातार तीसरे मैच में वापसी से अंतिम आठ में एंट्री
स्पेन के युवा टेनिस खिलाड़ी राफेल जोडर ने शंघाई मास्टर्स में अपनी जुझारू क्षमता का शानदार प्रदर्शन करते हुए क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। 20 वर्षीय जोडर ने लगातार तीसरे मुकाबले में पहला सेट गंवाने के बाद वापसी करते हुए नीदरलैंड्स के बोटिक वैन डी जैंडशल्प को 6-7(4), 6-4, 6-2 से हराया। दो घंटे 30 मिनट तक चले इस मुकाबले में जीत के साथ उन्होंने न सिर्फ टूर्नामेंट में अपनी चुनौती बरकरार रखी, बल्कि एटीपी फाइनल्स के लिए क्वालिफाई करने की उम्मीदों को भी मजबूती दी।
इस जीत के साथ जोडर शंघाई मास्टर्स के इतिहास में क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाले दूसरे सबसे युवा खिलाड़ी बन गए हैं। उनसे पहले जैकब मेन्सिक ने 19 साल की उम्र में 2024 में इस उपलब्धि को हासिल किया था। मेन्सिक शंघाई मास्टर्स में एटीपी मास्टर्स 1000 स्तर के अपने पहले क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाले सबसे युवा खिलाड़ी हैं।
मुकाबले की शुरुआत वैन डी जैंडशल्प के पक्ष में रही। उन्होंने पहले सेट में अपने खिलाफ मिले दोनों ब्रेक प्वाइंट बचाए और टाई-ब्रेक में बेहतर प्रदर्शन करते हुए बढ़त हासिल कर ली। हालांकि, जोडर ने दबाव में बिखरने के बजाय दूसरे सेट में आक्रामकता बढ़ाई। उन्होंने शुरुआती ब्रेक हासिल कर सेट में अपनी पकड़ मजबूत की और मुकाबले को निर्णायक तीसरे सेट तक पहुंचा दिया। इसके बाद उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी को वापसी का मौका नहीं दिया और 6-2 से तीसरा सेट जीतकर क्वार्टर फाइनल का टिकट कटाया।

एटीपी टूर की रिपोर्ट के अनुसार, शंघाई में जोडर का यह पहला टूर्नामेंट है। इसके बावजूद उनका प्रदर्शन प्रभावशाली रहा है। एटीपी टूर पर अपना पहला पूरा सीजन खेल रहे जोडर का इस साल जीत-हार का रिकॉर्ड अब 41-16 हो गया है।
शंघाई में शानदार प्रदर्शन का असर जोडर की एटीपी फाइनल्स में जगह बनाने की संभावनाओं पर भी पड़ा है। वह फिलहाल ‘एटीपी लाइव रेस टू ट्यूरिन’ में 11वें स्थान पर हैं और 10वें नंबर पर काबिज नोवाक जोकोविच से केवल 131 अंक पीछे हैं। सीजन के प्रतिष्ठित एटीपी फाइनल्स में पहली बार जगह बनाने के लक्ष्य के साथ खेल रहे जोडर के लिए आगामी मुकाबले बेहद अहम होंगे।
जीत के बाद जोडर ने अपने प्रदर्शन पर संतोष जताते हुए कहा, “मुझे लगता है कि मैं सही चीजें कर रहा था, लेकिन उन्होंने टाई-ब्रेक में अहम प्वाइंट मुझसे बेहतर खेले। इसी कारण उन्होंने पहला सेट जीता। मुझे सिर्फ दो ब्रेक प्वाइंट मिले थे। दूसरे सेट में मैंने ब्रेक के साथ शुरुआत की, जिससे मुझे सेट में आगे बढ़ने और बेहतर स्थिति में आने में मदद मिली। आज का मैच जैसा रहा, उससे मैं बहुत खुश हूं।”
क्वार्टर फाइनल में जोडर का सामना चौथी वरीयता प्राप्त फेलिक्स ऑगर-एलियासिम या कैस्पर रूड में से किसी एक से होगा। इस मुकाबले में जीत उन्हें सेमीफाइनल के करीब ले जाने के साथ एटीपी फाइनल्स की दौड़ में भी अहम बढ़त दिला सकती है।
शंघाई मास्टर्स में दिन के बाद होने वाले मुकाबलों में डेनिल मेदवेदेव और स्टेफानोस सितसिपास के बीच चौथे दौर का मैच भी आकर्षण का केंद्र रहेगा। दोनों खिलाड़ी पिछले कुछ समय में मुश्किल परिस्थितियों से उबरकर अपनी स्थिति मजबूत करने में सफल रहे हैं।
2019 के चैंपियन मेदवेदेव ने पिछले साल के शंघाई मास्टर्स के बाद से शानदार वापसी की है। उस समय उनकी विश्व रैंकिंग 18 थी, लेकिन इस साल सेमीफाइनल तक पहुंचने और 43 मुकाबले जीतने के बाद वह फिर से दुनिया के छठे नंबर के खिलाड़ी बन गए हैं। 2021 यूएस ओपन विजेता मेदवेदेव निट्टो एटीपी फाइनल्स में जगह बनाने की दौड़ में भी मजबूत स्थिति में हैं।
दूसरी ओर, सितसिपास के लिए भी यह सीजन उतार-चढ़ाव भरा रहा है। पीठ की चोट और खराब फॉर्म के कारण जून में उनकी रैंकिंग गिरकर 88वें स्थान पर पहुंच गई थी। हालांकि, लगातार बेहतर प्रदर्शन के दम पर उन्होंने शीर्ष 40 में वापसी कर ली है।
सितसिपास ने तीसरे दौर में अमेरिका के टेलर फ्रिट्ज को हराकर इस साल अपनी 34वीं जीत दर्ज की। इससे पहले दूसरे दौर में इटली के लुसियानो डार्डेरी के खिलाफ जीत के साथ उन्होंने अपने पेशेवर करियर की 400वीं जीत पूरी की थी।