दिल्ली हाफ मैराथन में चार्ल्स मताता का कोर्स रिकॉर्ड, वुडिनेश अलेमु ने भी जीता खिताब
दिल्ली हाफ मैराथन 2026 में केन्या के चार्ल्स मताता ने पुरुषों की एलीट दौड़ में नया कोर्स रिकॉर्ड बनाकर खिताब अपने नाम किया, जबकि इथियोपिया की वुडिनेश अलेमु महिलाओं की एलीट दौड़ में विजेता बनीं।
भारतीय धावकों में शैलेश कुशवाहा और अंकिता ध्यानी ने क्रमशः पुरुष और महिला वर्ग में शीर्ष स्थान हासिल कर देश का मान बढ़ाया। इस दौड़ में राष्ट्रीय राजधानी की सड़कों पर 40 हजार से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
मताता ने पुरुषों की एलीट हाफ मैराथन में 58 मिनट 52 सेकेंड में दौड़ पूरी की। इस प्रदर्शन के साथ उन्होंने 2020 में इथियोपिया के अमेदेवोर्क वालेलेग्न के बनाए 58 मिनट 53 सेकेंड के कोर्स रिकॉर्ड को एक सेकेंड से पीछे छोड़ दिया। रिकॉर्ड तोड़ने के लिए मताता को विजेता की 27 हजार अमेरिकी डॉलर की पुरस्कार राशि के अतिरिक्त 12 हजार डॉलर का बोनस भी मिलेगा।

दिलचस्प बात यह है कि मताता परिवार का दिल्ली हाफ मैराथन से खास नाता बन गया है। चार्ल्स के जुड़वां भाई एलेक्स मताता ने 2025 में 59 मिनट 50 सेकेंड का समय लेकर पुरुषों की एलीट दौड़ का खिताब जीता था। इस बार भी केन्या के धावकों का दबदबा देखने को मिला। सैमवेल न्यामाई मेलू ने 59 मिनट 24 सेकेंड के समय के साथ दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि स्टेनली वाइथाका म्बुरू 59 मिनट 33 सेकेंड में दौड़ पूरी कर तीसरे स्थान पर रहे।
महिलाओं की एलीट दौड़ में इथियोपिया की वुडिनेश अलेमु ने एक घंटा छह मिनट 35 सेकेंड का समय लेकर पहला स्थान हासिल किया। केन्या की सेलाह बुसिनेई एक घंटा सात मिनट एक सेकेंड में दौड़ पूरी कर दूसरे स्थान पर रहीं। उनकी हमवतन सिंथिया चेलांगत चेपक्वोनी ने एक घंटा सात मिनट 32 सेकेंड के समय के साथ तीसरा स्थान हासिल किया।
अंतरराष्ट्रीय धावकों के बीच भारतीय एलीट वर्ग में भी कड़ा मुकाबला देखने को मिला। पुरुषों की भारतीय एलीट श्रेणी में शैलेश कुशवाहा ने एक घंटा पांच मिनट पांच सेकेंड का समय लेकर पहला स्थान हासिल किया। गौरव माथुर एक घंटा पांच मिनट 11 सेकेंड के समय के साथ दूसरे स्थान पर रहे, जबकि हेमंत कुमार ने एक घंटा पांच मिनट 37 सेकेंड में दौड़ पूरी कर तीसरा स्थान हासिल किया।
महिलाओं की भारतीय एलीट श्रेणी में अंकिता ध्यानी ने एक घंटा 12 मिनट 46 सेकेंड का समय लेकर शीर्ष स्थान हासिल किया। सोनिया एक घंटा 14 मिनट 56 सेकेंड के समय के साथ दूसरे स्थान पर रहीं, जबकि भागीरथी ने एक घंटा 15 मिनट 51 सेकेंड का समय लेकर तीसरा स्थान हासिल किया।
इस मैराथन में कुल दो लाख 75 हजार 732 अमेरिकी डॉलर की पुरस्कार राशि थी। पुरुष और महिला एलीट दौड़ के विजेताओं को 27-27 हजार अमेरिकी डॉलर मिले। पुरुषों की दौड़ में कोर्स रिकॉर्ड तोड़ने वाले चार्ल्स मताता को 12 हजार डॉलर का अतिरिक्त बोनस भी मिलेगा।
भारतीय एलीट पुरुष और महिला श्रेणियों में शीर्ष तीन स्थान हासिल करने वाले धावकों को समान पुरस्कार राशि दी जाएगी। दोनों वर्गों में पहले स्थान पर रहने वाले धावकों को साढ़े तीन लाख रुपये, दूसरे स्थान पर रहने वालों को ढाई लाख रुपये और तीसरे स्थान पर रहने वालों को डेढ़ लाख रुपये मिलेंगे।
इस बार प्रतियोगिता के मार्ग में बदलाव भी किया गया था। हाफ मैराथन और ओपन 10 किलोमीटर दौड़ सहित सभी प्रमुख स्पर्धाओं की शुरुआत और समापन जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में हुआ।