सैफ चैंपियनशिप : 1-1 से भारत कुवैत मैच ड्रॉ
सैफ चैंपियनशिप 2023 का आखिरी ग्रुप-ए मैच भारत और कुवैत के बीच खेला गया, जो 1-1 की बराबरी पर खत्म हो गया। श्री कांतीरवा स्टेडियम पर हुए मैच में छेत्री (45+2 मिनट) ने पहले हाफ के अतिरिक्त समय में गोल जमाया, अनवर अली (90+2 मिनट) ने अपने ही गोलपोस्ट में गोल दागकर कुवैत के लिये स्कोर बराबर कर दिया।
31वें मिनट में लल्लियनज़ुआला छांगते ने कुवैत के फॉरवर्ड रेज़ा अबुजबाराह को धक्का दिया, जिसके कारण कुवैत को फ्रीकिक मिली। भारतीय डिफेंस अभी तक अभेद्य साबित हुआ था, 44वें मिनट में फुलबैक आकाश मिश्रा और कुवैत के कप्तान अलज़फ़ीरी के बीच भिड़ंत हो गयी जिसे रेफरी ने बीचबचाव कर खत्म किया।
कुवैत इस ड्रॉ के बाद ग्रुप-ए तालिका में शीर्ष पर रहा, भारत ने दूसरा स्थान हासिल किया। सेमीफाइनल में भारत का मैच ग्रुप-बी की शीर्ष टीम लेबनान से होगा, कुवैत को बंगलादेश या मालदीव में से किसी एक से भिड़ना होगा। भारत और कुवैत पहले ही सेमीफाइनल में पहुंच चुके थे और यह मैच केवल ग्रुप-ए में वर्चस्व हासिल करने के लिये था।

फील्ड पर प्लेयर्स की आक्रामकता गोलपोस्ट से ज्यादा एक-दूसरे पर निकली। मैच के 13वें मिनट में ही कुवैत के कप्तान शबैब अल-खालिदी की चुनौती पर संदेश झिंगन को पीला कार्ड दिखाया गया। भारत को पहले हाफ के अतिरिक्त टाइम में अपने अभेद्य डिफेंस का फल मिला जब छेत्री ने देश के लिये 92वां गोल जमाया।
अनिरुद्ध थापा ने 45+2वें मिनट में भारत के लिये कॉर्नर लिया, जिसे छेत्री ने नेट में पहुंचाने में कोई चूक नहीं की। दूसरे हाफ में भी प्लेयर्स की उद्दंडता जारी रही। कुवैत के स्थानापन्न खिलाड़ी अल फनीनी 47वें मिनट में भारतीय फॉरवर्ड नौरम महेश से भिड़ गये, अगले ही मिनट अल राशिदी ने आकाश मिश्रा को धक्का देकर भारत को फ्री-किक की सौगात दी।
इस उजड्ड बर्ताव के बीच अच्छी फुटबॉल भी देखने को मिली, जब 57वें मिनट में गोलकीपर अमरिंदर ने अल-खालिदी की दर्शनीय फ्री किक रोकी। चार मिनट पहले अल राशिदी ने भी कुवैत के लिये गोल करना चाहा लेकिन उनका निशाना गोलपोस्ट के ऊपर से निकल गया।
इस बीच, भारतीय कोच इगोर स्टिमाच को तीन मैचों में अपना दूसरा कार्ड देखना पड़ा। उन्होंने 62वें मिनट में एक बार फिर दो खिलाड़ियों की झड़प के बीच गेंद अपने हाथ में ले ली, जिसके कारण रेफरी ने उन्हें पीला कार्ड दिखाया। स्टिमाच को भारत के पहले मैच में पाकिस्तान के विरुद्ध भी लाल कार्ड देखने को मिला था। मात्र चार मिनट बाद सहल अब्दुल समद से भिड़ने के लिये कुवैत के नंबर छह फहद अलेनेज़ी को भी पीला कार्ड दिखाया गया।
स्टिमाच के लिये हालांकि यह रात खत्म नहीं हुई थी। उन्होंने मैदान की गतिविधियों को लेकर रेफरियों से बहस जारी रखी, जिसके कारण उन्हें टूर्नामेंट का दूसरा लाल कार्ड देखना पड़ा। मैच के 90वें मिनट में भारत और कुवैत के एक से अधिक खिलाड़ी भिड़ गये।
अल क़लफ़ ने भारतीय फॉरवर्ड अब्दुल समद को धक्का दिया, जिसके जवाब में रहीम अली ने अल कलफ को धक्का मारा। इस गर्मजोशी का नतीजा यह हुआ कि रहीम और अल कलफ को लाल कार्ड दिखाकर पिच से बाहर भेज दिया गया। इससे कुछ मिनट पहले भारतीय टीम कप्तान छेत्री और प्रतिभावान फॉरवर्ड छांगते को बाहर भेज चुकी थी।
मात्र 10 खिलाड़ियों के साथ भारतीय टीम उतनी मज़बूत नहीं रही और कुवैत उसपर लगातार हावी होता रहा। अंततः, कुवैत ने अतिरिक्त समय में भारतीय गोल की ओर हमला किया। अल-बलूशी ने गेंद को नेट की ओर खेला। इस शॉट को रोकने की कोशिश में अनवर गेंद को नेट में मार बैठे।
निखिल पुजारी ने आखिरी क्षणों में भारत के लिये बराबरी करनी चाही, लेकिन उदांता के लिये भेजी गयी उनकी लॉन्ग बॉल अलेनेज़ी ने रोककर मुकाबला ड्रॉ पर समाप्त किया।