एशियाई खेल : लवलीना को फाइनल में इंट्री के साथ मिला पेरिस ओलंपिक का टिकट
भारत की लवलीना बोरगोहेन ने एशियन गेम्स मुक्केबाजी में महिलाओं के 75 किग्रा के फाइनल में एंट्री ली। लवलीना ने अपने डिवीजन के फाइनल में जगह बनाकर भारत के लिए पेरिस ओलंपिक कोटा भी हासिल कर लिया है।
ओलंपिक पदक विजेता और विश्व चैंपियन लवलीना बोरगोहेन ने अपने सेमीफाइनल मैच में थाईलैंड की बैसन मानेकोन को मात देकर स्वर्ण पदक मैच में अपनी जगह पक्की कर ली।
लवलीना महिला 75 सेमीफाइनल में थाईलैंड की मुक्केबाज के खिलाफ शुरुआत से ही हावी रहीं और पहले राउंड में सभी जजों ने लवलीना के पक्ष में फैसला सुनाया। दूसरे ओर अंतिम क्वार्टर में लवलीना ने अपने फुटवर्क का बेहतरीन इस्तेमाल करते हुए अपने पंचों का बखूबी इस्तेमाल किया।

भारतीय मुक्केबाज ने सर्वसम्मत निर्णय से जीत दर्ज करते हुए स्वर्ण पदक मैच में जगह बनाई। इस तरह लवलीना मे एशियन गेम्स पदक तालिका में भारत के लिए कम से कम एक रजत पदक जोड़ लिया है।
एशियन गेम्स में मुक्केबाजी पेरिस ओलंपिक के लिए एक क्वालीफायर इवेंट भी है। पुरुषों की स्पर्धाओं में, सात भार वर्गों में से प्रत्येक में स्वर्ण और रजत पदक विजेताओं को पेरिस के लिए कोटा जारी किया जाएगा।
महिलाओं की कैटेगरी में, 66 किग्रा और 75 किग्रा के अलावा सभी कैटेगरी के लिए चार कोटा शामिल है। 66 किग्रा और 75 किग्रा में पुरुषों की तरह दो बर्थ दी जाएंगी।
बताते चले कि नेशनल ओलंपिक कमेटी के पास ओलंपिक खेल में अपने संबंधित देशों के प्रतिनिधित्व के लिए विशेष अधिकार है। पेरिस खेल में एथलीटों की भागीदारी उनकी एनओसी पर निर्भर करती है, जो उन्हें पेरिस में अपने प्रतिनिधिमंडल का प्रतिनिधित्व करने के लिए चुनती है।