Trending

Mahakumbh Stampede: श्रद्धालुओं से धैर्य बनाए रखने की अपील, मामले को संभाले में जुटे सीएम योगी, पीएम से भी हुई बात

बीएस राय: महाकुंभ भगदड़: प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ में मौनी अमावस्या के पावन अवसर पर एक दुखद हादसा हुआ। संगम क्षेत्र में अचानक मची भगदड़ में कई श्रद्धालु घायल हो गए, जबकि 20 लोगों के मारे जाने की आशंका है। प्रशासन और राहत एजेंसियां मौके पर पहुंच गई हैं और घायलों को कुंभ क्षेत्र के सेक्टर 2 में बने अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

महाकुंभ के शाही स्नान को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अखाड़ों के संतों से बात की। इसके बाद सहमति बनी कि 11 बजे के बाद संत क्रमवार तरीके से स्नान करेंगे, ताकि अव्यवस्था न फैले और भीड़ को नियंत्रित किया जा सके।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोगों से आत्म अनुशासन बनाए रखने और अपने नजदीकी घाट पर ही स्नान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और संगम नोज पर जाने से बचें। सीएम ने सभी से प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की भी अपील की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार महाकुंभ की स्थिति पर नजर रखे हुए हैं और राज्य सरकार के संपर्क में हैं। उन्होंने अब तक तीन बार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बात की है और स्थिति को सामान्य करने के निर्देश दिए हैं।

पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने इस हादसे पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने कहा कि महाकुंभ में अव्यवस्था के कारण यह हादसा हुआ है, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

उन्होंने सरकार से कई मांग की है। गंभीर रूप से घायलों को एयर एंबुलेंस से नजदीकी बेहतरीन अस्पतालों में पहुंचाया जाए और तत्काल चिकित्सा मुहैया कराई जाए। मृतकों के शवों की पहचान कर उन्हें परिजनों को सौंपकर उनके घर भेजने की व्यवस्था की जाए। लापता लोगों को उनके परिजनों से मिलाने के लिए त्वरित प्रयास किए जाएं। हेलीकॉप्टर के जरिए निगरानी बढ़ाई जाए। पारंपरिक शाही स्नान की प्रक्रिया को सुरक्षित तरीके से पूरा किया जाए।

अखाड़ा परिषद के महामंत्री और जूना अखाड़े के संरक्षक महंत हरि गिरि ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे जहां भी हैं, वहीं गंगा में डुबकी लगाएं और अपने घर लौट जाएं। उन्होंने कहा कि प्रयागराज के अंदर या बाहर कहीं भी गंगा में स्नान करने से उतना ही पुण्य मिलता है।

भाजपा अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बात की और हर संभव चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की पेशकश की। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं से राहत कार्य में सहयोग करने का अनुरोध भी किया।

महाकुंभ में हुई इस भगदड़ में मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है। हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। यूपी प्रशासन घटना पर पल-पल नजर रख रहा है और राहत कार्य तेजी से चलाया जा रहा है।

अधिकारियों और संतों ने श्रद्धालुओं से धैर्य बनाए रखने और प्रशासन की सहायता करने की अपील की है। सरकार भी इस हादसे से सबक लेते हुए श्रद्धालुओं के लिए आवास, भोजन, पानी और अन्य सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है। हम दुर्घटना में घायल हुए सभी लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं।